बारह-भावना Author: Pandit Jaichandji ChabadaLanguage : HindiRhythm: – Type: Barah BhavanaParticulars: PaathCreated By: Shashank Shaha द्रव्य रूप करि सर्व थिर, परजय थिर है कौनद्रव्यदृष्टि आपा लखो, पर्जय नय करि गौन ॥१॥ शुद्धातम अरु पंच गुरु, जग में सरनौ दोयमोह-उदय जिय के वृथा, आन कल्पना होय ॥२॥ पर द्रव्यन तैं प्रीति जो, है संसार अबोधताको फल […]
देव-स्तुति Author: Pandit BhudhardasjiLanguage : HindiRhythm: – Type: Dev StutiParticulars: PaathCreated By: Shashank Shaha अहो जगत गुरु देव, सुनिये अरज हमारीतुम प्रभु दीन दयाल, मैं दुखिया संसारी ॥१॥ इस भव-वन के माहिं, काल अनादि गमायोभ्रम्यो चहूँ गति माहिं, सुख नहिं दुख बहु पायो ॥२॥ कर्म महारिपु जोर, एक न कान करै जीमन माने दुख देहिं, […]
भगवान-महावीर-चालीसा Author: Pandit Jugal KishoreLanguage : HindiRhythm: – Type: Bhagwan Mahaveer ChalisaParticulars: ChalisaCreated By: Shashank Shaha ॥ दोहा ॥ शीश नवा अरिहंत को, सिद्धन करू प्रणामउपाध्याय आचार्य का ले सुखकारी नाम ॥१॥ सर्व साधू और सरस्वती, जिनमन्दिर सुखकारमहावीर भगवान् को मन मंदिर में धार ॥२॥ English Pronunciation śīśa navā arihanta kō, sid’dhana karūm̐ praṇāma.Upādhyāya […]
भगवान-आदिनाथ-चालीसा Author: Pandit Jugal Kishore Language : Hindi Rhythm: – Type: Bhagwan Adinath Chalisa Particulars: Chalisa शीश नवा अरिहंत को, सिद्धन करू प्रणामउपाध्याय आचार्य का ले सुखकारी नाम ॥१॥ सर्व साधु और सरस्वती जिन मन्दिर सुखकारआदिनाथ भगवान को मन मन्दिर में धार ॥२॥ जै जै आदिनाथ जिन स्वामी, तीनकाल तिहूं जग में नामीवेष दिगम्बर […]
विसर्जन-पाठ Author: Pandit Jugal KishoreLanguage : HindiRhythm: – Type: Visarjan PathParticulars: VisarjanCreated By: Shashank Shaha बिन जाने वा जान के, रही टूट जो कोयतुम प्रसाद तें परम गुरु, सो सब पूरन होय ॥ पूजन विधि जानूँ नहीं, नहिं जानूँ आह्वानऔर विसर्जन हूँ नहीं, क्षमा करो भगवान ॥ मंत्रहीन धनहीन हूँ, क्रियाहीन जिनदेवक्षमा करहु राखहु मुझे, […]
शांति-पाठ-भाषा Author: Pandit Jugal KishoreLanguage : HindiRhythm: – Type: Shanti Path- BhashaParticulars: VisarjanCreated By: Shashank Shaha शास्त्रोक्त विधि पूजा महोत्सव, सुरपति चक्री करेंहम सारिखे लघु पुरुष कैसे, यथाविधि पूजा करें ॥धन-क्रिया-ज्ञान रहित न जाने, रीत पूजन नाथजीहम भक्तिवश तुम चरण आगै, जोड़ लीने हाथजी ॥१॥ दु:ख-हरन मंगलकरन, आशा-भरन जिन पूजा सहीयह चित्त में श्रद्धान मेरे, […]