WhatsApp Messages Dashboard

Total Records in Table: 14652

Records Matching Filters: 14652

From: To: Global Search:

Messages

ID Chat ID
Chat Name
Sender
Phone
Message
Status
Date View
231161 40449669 दिगंबर जैन मुनि विहार समूह 4 *कर्म बंध काटने के लिए अपने नाम के आगे कौन कौन से टाइटल ( उपाधियां ) लगाना चाहिए ???* सुनिये गुरुजी के श्रीमुख से ???✨✨??? ???????? *जैसी मति होती है* वैसी नियम रूप से गति होती। *जैसी गति होती है वैसी सुनो* नियम से मति होती॥ अभाव मति का जब होता है *गति का अभाव तब होता।* अभाव मति गति का होने से प्रकटित स्वभाव अब होता ॥६०॥ ? *सुनीति शतक* ? आचार्य श्री विद्यासागर जी महामुनिराज 2026-06-15 06:53:06
231160 40449665 2.0 Jain Dharam ? जैन धर्म 2026-06-15 06:50:43
231159 40449665 2.0 Jain Dharam ? जैन धर्म 2026-06-15 06:50:42
231157 40449665 2.0 Jain Dharam ? जैन धर्म 2026-06-15 06:50:40
231158 40449665 2.0 Jain Dharam ? जैन धर्म 2026-06-15 06:50:40
231155 48925761 आचार्य श्री 108 समयसागर जी महाराज.3 गुरु जी ने ये कहा था *अप्रभावना से डरो, प्रभावना अपने आप ही होगी।* ✨✨✨✨✨✨ *किसी भी चेष्टाओं के द्वारा धर्म की हंसी न उड़ जाए अप्रभावना न हो जाए* इस प्रकार गुरु जी के पास *ऐसे मंत्र रहते थे कि हम जैसे अनगढ़ के भी काम में आ रहे हैं आज* युगश्रेष्ठ संतशिरोमणी आचार्य श्री विद्यासागर जी महामुनिराज ???✨✨??? योगी जिनेश-मत के अनुसार ध्याता, शुद्धात्म-ध्यान मन में यदि धार पाता। निर्वाण लाभ उसको मिलता यदा है, आश्चर्य क्या न मिलती सुरसम्पदा है? ॥२०॥ ? *श्रमण शतक* ? फिर गुरु उपदेश सुना, जागृत हुआ सुन गुना, ज्ञात हुआ स्व - पर भेद, व्यर्थ करता था खेद॥३॥ ? *मुक्तक शतक* ? आचार्य श्री विद्यासागर जी महामुनिराज 2026-06-15 06:48:16
231156 48925761 आचार्य श्री 108 समयसागर जी महाराज.3 गुरु जी ने ये कहा था *अप्रभावना से डरो, प्रभावना अपने आप ही होगी।* ✨✨✨✨✨✨ *किसी भी चेष्टाओं के द्वारा धर्म की हंसी न उड़ जाए अप्रभावना न हो जाए* इस प्रकार गुरु जी के पास *ऐसे मंत्र रहते थे कि हम जैसे अनगढ़ के भी काम में आ रहे हैं आज* युगश्रेष्ठ संतशिरोमणी आचार्य श्री विद्यासागर जी महामुनिराज ???✨✨??? योगी जिनेश-मत के अनुसार ध्याता, शुद्धात्म-ध्यान मन में यदि धार पाता। निर्वाण लाभ उसको मिलता यदा है, आश्चर्य क्या न मिलती सुरसम्पदा है? ॥२०॥ ? *श्रमण शतक* ? फिर गुरु उपदेश सुना, जागृत हुआ सुन गुना, ज्ञात हुआ स्व - पर भेद, व्यर्थ करता था खेद॥३॥ ? *मुक्तक शतक* ? आचार्य श्री विद्यासागर जी महामुनिराज 2026-06-15 06:48:16
231154 40449727 GROUP ??दसा नरसिंहपुरा समाज?? 2026-06-15 06:45:12
231153 40449727 GROUP ??दसा नरसिंहपुरा समाज?? 2026-06-15 06:45:11
231151 40449727 GROUP ??दसा नरसिंहपुरा समाज?? 2026-06-15 06:45:10